Please wait
select city
notifications
Live Tv
Search
आवाज़ का नमूना दें, नहीं तो गिरफ्तारी पर रोक हट जाएगी: कलकत्ता हाई कोर्ट की अभिषेक बनर्जी को कड़ी चेतावनी Sudhir wins historic मोदी और इंडोनेशिया के राष्ट्रपति ने प्रम्बानन मंदिर पुनरुद्धार परियोजना का शुभारंभ किया Sudhir wins historic शोपियां मुठभेड़ में लश्कर कमांडर जाकिर गनी मारा गया Sudhir wins historic बारुईपुर मुठभेड़ मामले में पुलिस का दावा - एसआई रॉनी सरकार की रिवॉल्वर छीनकर भाग रहा था आरोपित, आत्मरक्षा में पुलिस ने चलाई गोली Sudhir wins historic बारुईपुर दुष्कर्म-हत्या मामला : पुलिस मुठभेड़ में मारे गए आरोपित से मां ने किया किनारा, बोलीं- जो किया, उसका फल मिला Sudhir wins historic पश्चिम बंगाल में बारुईपुर नाबालिग दुष्कर्म-हत्याकांड का मुख्य आरोपित पुलिस मुठभेड़ में ढेर Sudhir wins historic बरूईपुर दुष्कर्म और हत्या मामला : पीड़िता के परिजनों से मिलीं भाजपा नेता लाकेट चटर्जी और मंत्री अग्निमित्रा पाल Sudhir wins historic पोस्टमार्टम रिपोर्ट में खुलासा, किशोरी को जीवित ही तालाब में फेंका Sudhir wins historic अभिषेक बनर्जी के जांच में सहयोग नहीं करने पर सवाल, हाई कोर्ट ने दी आवाज का नमूना देने की नसीहत Sudhir wins historic बरूईपुर दुष्कर्म-हत्या मामला : डीजी सिध्दनाथ गुप्ता ने किया घटनास्थल का निरीक्षण Sudhir wins historic

एसआईआर जरूरी, लेकिन प्रक्रिया अव्यवस्थित और अस्पष्ट है : चंद्र कुमार बोस

बंगाल में एसआईआर की सुनवाई में शामिल हुए चंद्र कुमार बोस ने इसे “सीधी तौर पर उत्पीड़न” करार दिया

19 Jan 2026

एसआईआर जरूरी, लेकिन प्रक्रिया अव्यवस्थित और अस्पष्ट है : चंद्र कुमार बोस

कोलकाता। नेताजी सुभाष चंद्र बोस के प्रपौत्र चंद्र कुमार बोस ने पश्चिम बंगाल में चल रहे मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) को आवश्यक बताते हुए सोमवार को कहा कि यह प्रक्रिया सही तरीके से संचालित नहीं की जा रही है। उन्होंने आरोप लगाया कि विशेष गहन पुनरीक्षण के नाम पर आम लोगों को परेशान किया जा रहा है और पूरी कवायद में स्पष्टता का अभाव है।
पश्चिम बंगाल में एसआईआर की सुनवाई में शामिल हुए चंद्र कुमार बोस ने इसे “सीधी तौर पर उत्पीड़न” करार दिया। उन्होंने कहा कि हालांकि मतदाता सूची का पुनरीक्षण जरूरी है, लेकिन जिस जल्दबाजी और तरीके से यह किया जा रहा है, उससे लोगों में भ्रम और असंतोष फैल रहा है।
चंद्र कुमार बोस, जो वर्ष 2016 के विधानसभा चुनाव और वर्ष 2019 के लोकसभा चुनाव में भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के टिकट पर चुनाव लड़ चुके हैं, ने बताया कि 16 जनवरी को वे अपनी पत्नी और बेटी के साथ सुनवाई में शामिल हुए थे। उनके दोनों बेटे विदेश में रहने के कारण स्वयं उपस्थित नहीं हो सके थे और उन्होंने अपने माता-पिता को अपनी ओर से पेश होने के लिए अधिकृत किया था।
उन्होंने कहा कि उन्होंने और उनके परिवार के सदस्यों ने गणना प्रपत्रों के साथ सभी आवश्यक और वैध दस्तावेज जमा किए थे, इसके बावजूद उन्हें सुनवाई के लिए बुलाया गया। बोस के अनुसार, चुनाव अधिकारियों ने दस्तावेजों के आपसी लिंक में समस्या होने की बात कही, जो उनके लिए चौंकाने वाली थी।
चंद्र कुमार बोस ने आरोप लगाया कि पूरी प्रक्रिया में कोई स्पष्ट दिशा नजर नहीं आती। पहले यह कहा गया कि उनका नाम वर्ष 2002 की मतदाता सूची में नहीं है, बाद में वही नाम सूची में मिल गया। इसके बाद सभी दस्तावेज जमा करने के बावजूद लिंक में तकनीकी खामी का हवाला दिया गया।
उन्होंने सवाल उठाया कि यदि यह तकनीकी समस्या है, तो इसकी जिम्मेदारी किसकी बनती है। बोस ने कहा कि वे इस बात से शिकायत नहीं कर रहे कि उन्हें सुनवाई के लिए बुलाया गया, बल्कि आपत्ति इस बात पर है कि एसआईआर की पूरी प्रक्रिया अव्यवस्थित और अस्पष्ट है, जिससे आम मतदाताओं को अनावश्यक परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।

Ad Image
Comments

No comments to show. Log in to add some!

Other Relevant Stories


एसआईआर जरूरी, लेकिन प्रक्रिया अव्यवस्थित और अस्पष्ट है : बोस
बंगाल में एसआईआर की सुनवाई में शामिल हुए चंद्र कुमार बोस ने इसे “सीधी तौर पर उत्पीड़न” करार दिया





Download The Taaza Tv App Now to Stay Updated on the Latest News!


play store download
app store download
app img


Breaking News